उत्तराखण्ड की प्रमुख संस्थाएँ एवं आयोग

उत्तराखण्ड की प्रमुख संस्थाएँ एवं आयोग

उत्तराखण्ड राज्य की प्रमुख संस्थाओं और आयोगों (जैसे लोकायुक्त, राज्य लोक सेवा आयोग और सूचना आयोग) का अध्ययन परीक्षा की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह विषय UKPSC, UKSSSC, Uttarakhand Police, Patwari, Forest Guard जैसी सभी उत्तराखण्ड राज्य स्तरीय प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए अत्यधिक उपयोगी है। यहाँ से परीक्षा में सीधे और सटीक प्रश्न पूछे जाते हैं।
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इस लेख में आप क्या-क्या पढ़ेंगे:
  • उत्तराखण्ड में लोकायुक्त की संरचना और मुख्यमन्त्री को जाँच के दायरे में लाने वाले देश के पहले राज्य (उत्तराखण्ड) से जुड़े सबसे महत्वपूर्ण तथ्य।
  • हरिद्वार स्थित राज्य लोक सेवा आयोग का गठन (अनुच्छेद-315) एवं इसके सदस्यों तथा कार्यों की सम्पूर्ण जानकारी।
  • उत्तराखण्ड सूचना आयोग की स्थापना (सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005) और राज्य के प्रथम मुख्य सूचना आयुक्त डॉ. आर. एस. टोलिया के बारे में परीक्षापयोगी विवरण।
  • उत्तराखण्ड के प्रथम प्रशासनिक अधिकारियों से जुड़ी खास जानकारियाँ, जो आपकी तैयारी को सीधे तौर पर और अधिक मजबूत बनाएंगी।

लोकायुक्त

इसकी संगठनात्मक संरचना में एक अध्यक्ष और पाँच सदस्य (अधिकतम 7 सदस्य) निर्धारित किए गए हैं।
इनमें आधे सदस्य विधिक पृष्ठभूमि वाले एवं आधे लोक सेवा, अन्वेषण, सतर्कता, भ्रष्टाचार विरोधी संगठन, पत्रकारिता, वित्त प्रबन्धन के क्षेत्र में कम-से-कम 20 वर्षों का अनुभव रखने वाले व्यक्ति होंगे।
उत्तराखण्ड राज्य ने 1 नवम्बर, 2011 को लोकायुक्त विधेयक पारित किया। इसमें मुख्यमन्त्री व सभी मन्त्रिपरिषद् के सदस्य, विधायक एवं सभी प्रशासनिक अधिकारियों को जाँच के दायरे में लाया गया।
मुख्यमन्त्री को जाँच के दायरे में लाने वाला पहला राज्य उत्तराखण्ड है।

राज्य लोक सेवा आयोग

इसका मुख्यालय हरिद्वार में स्थित है।
राज्य आयोग में कुल 3 सदस्य (एक अध्यक्ष एवं दो सदस्य) हैं।
आयोग अपने कार्यों की वार्षिक रिपोर्ट राज्यपाल को देता है।
अनुच्छेद-315 के अन्तर्गत राजकीय सेवाओं में नियुक्तियों के लिए राज्य स्तरीय लोक सेवा आयोग का गठन किया गया।

उत्तराखण्ड सूचना आयोग

प्रथम मुख्य सूचना आयुक्त डॉ. आर. एस. टोलिया थे।
सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 के अन्तर्गत राज्य में उत्तराखण्ड सूचना आयोग का गठन किया गया।
आयोग का कर्त्तव्य किसी भी व्यक्ति की शिकायत एवं पूछताछ पर उपयुक्त सूचना उपलब्ध कराना है।

उत्तराखण्ड के प्रथम प्रशासनिक अधिकारी

विवरण नाम
राज्य के प्रथम राज्यपाल सुरजीत सिंह बरनाला
राज्य के प्रथम मुख्यमन्त्री नित्यानन्द स्वामी
राज्य की प्रथम महिला राज्यपाल मार्गरेट अल्वा
राज्य के प्रथम मुख्य सचिव अजय विक्रम सिंह
राज्य के प्रथम महाधिवक्ता राधा कृष्ण चौधरी
राज्य के प्रथम लोकायुक्त न्यायमूर्ति एस. एच. ए. रजा
राज्य के प्रथम लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष एन. पी. नवानी
राज्य के प्रथम पुलिस महानिदेशक अशोक कान्त शरण
राज्य के प्रथम मुख्य चुनाव आयुक्त दुर्गेश जोशी
राज्य मानवाधिकार के प्रथम अध्यक्ष न्यायमूर्ति विजेन्द्र जैन
राज्य के प्रथम विधानसभा अध्यक्ष प्रकाश पन्त
राज्य के प्रथम निर्वाचित विधानसभा अध्यक्ष एवं दूसरे विधानसभा अध्यक्ष यशपाल आर्य
राज्य विधि आयोग के प्रथम अध्यक्ष न्यायमूर्ति धर्मवीर शर्मा
राज्य की प्रथम महिला पुलिस महानिदेशक कंचन चौधरी भट्टाचार्य
पटवारी/लेखपाल 2023
राज्य के प्रथम मुख्य सूचना आयुक्त आर. एस. टोलिया
राज्य वित्त आयोग के प्रथम अध्यक्ष आर. के. धर
राज्य के प्रथम शिक्षा सचिव एन. रविशंकर
राज्य महिला आयोग की प्रथम अध्यक्ष डॉ. सन्तोष चौहान
राज्य के प्रथम विधानसभा उपाध्यक्ष विजया बड़थ्वाल
राज्य की प्रथम महिला मुख्य सचिव राधा रतूड़ी
UKPSC 2024
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Kartik Budholiya

Kartik Budholiya

उत्तराखंड की ऐतिहासिक विरासत, भूगोल, नदी प्रणालियों और सामान्य ज्ञान के विशेषज्ञ Kartik Budholiya छात्रों को UKPSC, UKSSSC, Uttarakhand Police, Patwari, Forest Guard और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता दिलाने के लिए निरंतर शोध-परक कंटेंट साझा करते हैं।